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बीते कल के सायों से बाहर आने का ध्यान

बीते कल के सायों से बाहर आने का ध्यान

BK Shaifali
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About This Meditation

Theme

जब पुराने रिश्तों की यादें, गलतफहमियाँ और अनकही बातें मन पर बोझ बन जाएँ और आप अंधकार से निकलकर अपने भीतर की लाइट महसूस करना चाहें, तब यह मेडिटेशन करें।

Benefits

यह मेडिटेशन आपको अपने भीतर जमा वर्षों की थकान, अनकही बातों और उलझे रिश्तों के बोझ को पहचानने और धीरे-धीरे उनसे मुक्त होने में मदद करता है। जब आप अपने मन को “ट्रस्ट द प्रोसेस” के साथ शांत होने देते हैं, तब पुराने प्रश्नों और यादों का प्रभाव धीरे-धीरे कम होने लगता है।

इस अभ्यास के दौरान अपने अंदर बढ़ती हुई लाइट को महसूस करना आपको नई ऊर्जा, विश्वास और आशा से भर देता है। यह अनुभव आपको वर्तमान में स्थिर रहने, अपने भविष्य को उज्ज्वल देखने और यह महसूस करने में मदद करता है कि आप सुरक्षित, शांत और खुश रहने के योग्य हैं।

Commentary

थोड़ा रुक जाएं, बैठ जाएं और अपने अंदर की थकान को महसूस करें। मैं यहाँ अकेला नहीं बैठा हूँ। मेरे साथ बरसों की थकान है, परिवार में हुई कई गलतफहमियाँ, अनकही बातें, जिन्हें हम इग्नोर और अवॉइड करते रहे ताकि सब कुछ बेहतर हो जा...

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